राकेश त्रिपाठी/अब तक न्याय
महराजगंज, 26 जून जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक में जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए खराब प्रदर्शन पर कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने शून्य टेली-कंसल्टेशन करने वाले चिकित्साधिकारियों समेत कई अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने तथा कार्यों में सुधार लाने के निर्देश दिए।
कलेक्ट्रेट सभागार में 25 जून को आयोजित बैठक में जिलाधिकारी ने आयुष्मान भारत गोल्डन कार्ड, एनसीडी स्क्रीनिंग, आभा आईडी, संस्थागत प्रसव, ई-संजीवनी सहित विभिन्न राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की समीक्षा की। ई-संजीवनी पर एक भी टेली-कंसल्टेशन न करने वाले चिकित्सा अधिकारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश देते हुए कहा कि सभी चिकित्साधिकारी प्रतिदिन कम से कम पांच टेली-कंसल्टेशन सुनिश्चित करें।
सीएचसी फरेंदा के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. एम.पी. सोनकर की एनसीडी, आयुष्मान भारत, आभा आईडी, टीकाकरण समेत अन्य योजनाओं में खराब प्रगति पर चेतावनी पत्र जारी करने के निर्देश दिए गए। वहीं आयुष्मान भारत गोल्डन कार्ड निर्माण में अपेक्षित प्रगति न मिलने पर बीसीपीएम फरेंदा बबीता शर्मा, बीसीपीएम सिसवा प्रदीप चौरसिया और बीसीपीएम परतावल अमित कुमार गौड़ को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने जुलाई तक एनसीडी स्क्रीनिंग के निर्धारित लक्ष्य का कम से कम 32 प्रतिशत पूरा करने, प्रत्येक ऑपरेटर आईडी से प्रतिदिन 10 ई-केवाईसी और पांच नए आयुष्मान गोल्डन कार्ड बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने एएनएम, कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर और संगिनी आशाओं को लक्ष्य पूरा करने के लिए सक्रिय भूमिका निभाने को कहा।
उन्होंने एसएनसीयू से डिस्चार्ज होने वाले सभी बच्चों का शत-प्रतिशत फॉलोअप सुनिश्चित करने, दस्तक अभियान के दौरान अधिक से अधिक आभा आईडी बनाने, जननी सुरक्षा योजना के लंबित आवेदनों का तत्काल निस्तारण करने तथा आशा कार्यकर्ताओं के भुगतान की नियमित समीक्षा करने के निर्देश भी दिए।
जिलाधिकारी ने सभी कुष्ठ रोगियों को प्रधानमंत्री आवास योजना सहित अन्य आवासीय योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए आशाओं के माध्यम से सूची तैयार कराने तथा खराब प्रदर्शन करने वाले तीन आशा, तीन संगिनी, तीन एएनएम और तीन कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसरों को चिन्हित कर नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
बैठक में 1 जुलाई से शुरू होने वाले संचारी रोग उन्मूलन अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने, गांवों और शहरों में व्यापक स्वच्छता अभियान चलाने तथा लोगों को संचारी रोगों के प्रति जागरूक करने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी महेंद्र कुमार सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. नवनाथ प्रसाद, सीएमएस डॉ. ए.के. द्विवेदी, डीडीओ भोलानाथ कन्नौजिया, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. राजेश द्विवेदी, बीएसए सुरजीत कुमार सिंह सहित संबंधित अधिकारी एवं एमओआईसी उपस्थित रहे।
