जनपद सीतापुर/बिसवां के ग्राम पंचायत कामापुर बहतलिया गांव में प्रधानमंत्री ग्रामीण महिला विधवा दिव्यांग आवास योजना में ग्राम प्रधान व ग्राम प्रधान के भाइयों पर लाभार्थी महिला ने 30हजार रुपए ठगी करने का लगाया आरोप आप को बताते चले प्रधान मंत्री ने 20 वर्ष के ऊपर 40 वर्ष के अंदर विधवा महिलाओ व दिव्यांगो को प्रधानमंत्री के द्वारा आवास देने का निर्णय लिया गया था । इस योजना के अंतर्गत ग्राम पंचायत कामापुर के बहतलिया निवासी उमावती पत्नी ओम प्रकाश ने बताया मै अत्यंत गरीब हूं।आज से 7 वर्ष पूर्व मेरे पति ओम प्रकाश का निधन हो गया था मेरे छोटे-छोटे बच्चे है मैं किसी तरह अपना जीवन गुजर बसर कर रही थी तभी कुछ समय पहले ग्राम प्रधान किताबुन के पति कुतुबुद्दीन अंसारी उर्फ गुड्डू उनके भाई निजामुद्दीन अंसारी व उस्मान अंसारी हमारे घर पर आकर मुझे बताया कि तुम्हारी विधवा आवास आई है।तुमने हमे चुनाव के समय वोट नहीं दिया है।लेकिन तुम्हारी आवास आई है अगर जो लेना है आपको तो दस हजार मुझे दे दो मैं तुम्हारी आवास बनवा दूं पीड़ित उमावती आवास के लालच में आकर निजामुद्दीन को दस हजार रुपए दे दिए पीड़ित ने बताया कुछ दिन के बाद निजामुद्दीन उमावती के घर पहुच कर उमावती को उत्तर प्रदेश ग्रामीण बैंक शाखा बन्नी ख़रैला लेकर आवास की पहली किस्त निकलवा कर पुनः दस हजार रुपए लेकर पीड़ित उमावती से बताया कि यह दस हजार ऊपर अधिकारियों को देना है और बैंक पासबुक भी अपने पास रख लिया साथ धमकाया अगर ये बात किसी को बताया आवास का पैसा वापस हो जाएगा महिला ने बताया उसके बाद जब दूसरी किस्त आई तो निजामुद्दीन के भाई उस्मान अंसारी उनके घर आकर बताया दूसरी किस्त आ गई है।बैंक चलकर निकालना है यह कहकर पीड़ित को लेकर बनी बैंक शाखा में पहुंचकर दस हजार रुपए फिर से उस्मान अंसारी लेकर व धमकाते हुए रफू चक्कर हो गया।अब पीड़ित महिला ने बताया प्रधान पति कुतुबुद्दीन अंसारी उर्फ गुड्डू निजामुद्दीन अंसारी व उस्मान अंसारी बारी बारी से बहला फुसलाकर धमकाकर महिला से 30 हजार रुपए ठगी कर लिया है साथ में धमका रहे है।पीड़ित के आवास का पैसा रिकवरी करवा देंगे पीड़ित महिला उमावती न्याय के लिए दर दर भटक रही है सीतापुर जिलाधिकारी डॉ राजा गणपत आर भ्रष्टाचारियो पर शिकंजा कसते नजर आ रहे है अब देखना है विभागीय अधिकारी मामले को संज्ञान में लेकर पीड़ित महिला को न्याय दिलायेंगे या पीड़ित महिला दर दर की ठोकर खाते फिरेगी।
