उठो बहुजनों, जागो” — सामाजिक न्याय और संविधान की रक्षा के लिए सिधौली में होगा विशाल जनआह्वान
सिधौली (जनपद सीतापुर)। सामाजिक न्याय, समान अधिकार और संविधान की रक्षा के उद्देश्य से 1 अप्रैल 2026 को सिधौली क्षेत्र के बहादुरपुर स्थित डॉ. अंबेडकर पार्क में एक महत्वपूर्ण जनआह्वान कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है। यह कार्यक्रम बहुजन समाज के अधिकारों, सम्मान और संवैधानिक मूल्यों की रक्षा के लिए आयोजित किया जा रहा है, जिसमें बड़ी संख्या में समाज के जागरूक नागरिक, युवा, किसान, मजदूर, बुद्धिजीवी और सामाजिक कार्यकर्ता भाग लेंगे।
कार्यक्रम के संयोजक राजेश कुमार सिद्धार्थ ने बताया कि देश को आजाद हुए 78 वर्ष बीत जाने के बाद भी सामाजिक समानता और न्याय का वह सपना अभी पूरी तरह साकार नहीं हो पाया है, जिसकी कल्पना भारत के महान संविधान निर्माता और बहुजन समाज के मसीहा डॉ. भीमराव अंबेडकर ने की थी। आज भी समाज के कई वर्ग जातिगत भेदभाव, सामाजिक असमानता और अवसरों की कमी जैसी समस्याओं से जूझ रहे हैं। ऐसे में समाज को जागरूक करने और संगठित करने की आवश्यकता पहले से कहीं अधिक बढ़ गई है।
उन्होंने कहा कि डॉ. अंबेडकर ने भारत के संविधान के माध्यम से हर नागरिक को समान अधिकार, स्वतंत्रता और गरिमा के साथ जीने का अधिकार दिया। उन्होंने एक ऐसे भारत की कल्पना की थी, जहाँ किसी व्यक्ति के साथ जाति, धर्म, लिंग या वर्ग के आधार पर भेदभाव न हो। लेकिन दुर्भाग्यवश आज भी कई स्थानों पर दलित, शोषित, वंचित और पिछड़े समाज के लोगों के साथ अन्याय और अपमान की घटनाएँ सामने आती रहती हैं। कई बार सामाजिक कुरीतियों और संकीर्ण मानसिकता के कारण लोगों को उनके मूलभूत अधिकारों से वंचित करने का प्रयास किया जाता है।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कहा कि शिक्षा, रोजगार और सामाजिक अवसरों में बराबरी सुनिश्चित करना आज की सबसे बड़ी आवश्यकता है। संविधान ने सभी को समान अवसर देने की व्यवस्था की है, लेकिन जमीनी स्तर पर इन अधिकारों को पूरी तरह लागू करने के लिए समाज के हर वर्ग को जागरूक और संगठित होना पड़ेगा। जब तक समाज संगठित होकर अपने अधिकारों के प्रति सजग नहीं होगा, तब तक सामाजिक परिवर्तन की गति धीमी ही रहेगी।
उन्होंने यह भी कहा कि बहुजन समाज को अपने इतिहास, अपने महापुरुषों और अपने संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक होना चाहिए। डॉ. अंबेडकर का संदेश स्पष्ट था — शिक्षित बनो, संगठित हो और संघर्ष करो। यही संदेश आज भी उतना ही प्रासंगिक है जितना उस समय था। आज जरूरत है कि युवा पीढ़ी डॉ. अंबेडकर के विचारों को समझे, उनसे प्रेरणा ले और समाज में समानता और न्याय की स्थापना के लिए आगे आए।
इस जनआह्वान कार्यक्रम का उद्देश्य किसी भी प्रकार का टकराव पैदा करना नहीं है, बल्कि समाज में जागरूकता फैलाना, संविधान के मूल्यों को मजबूत करना और सामाजिक समरसता को बढ़ावा देना है। कार्यक्रम के माध्यम से लोगों को यह संदेश दिया जाएगा कि लोकतंत्र की मजबूती तभी संभव है, जब समाज का हर व्यक्ति समान अधिकार और सम्मान के साथ जीवन जी सके।
कार्यक्रम में वक्ता सामाजिक न्याय, संविधान की गरिमा, शिक्षा के महत्व और सामाजिक एकता जैसे विषयों पर अपने विचार व्यक्त करेंगे। इसके साथ ही युवाओं और समाज के अन्य वर्गों को यह संदेश दिया जाएगा कि वे अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहें और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए सकारात्मक भूमिका निभाएँ।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने क्षेत्र के सभी नागरिकों, युवाओं, किसानों, मजदूरों, महिलाओं और सामाजिक संगठनों से अपील की है कि वे अधिक से अधिक संख्या में इस कार्यक्रम में शामिल होकर सामाजिक न्याय और संविधान की रक्षा के इस अभियान को मजबूत करें। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम केवल एक सभा नहीं, बल्कि एक जागरूकता अभियान है, जिसका उद्देश्य समाज को संगठित करना और एक बेहतर, समानतापूर्ण और न्यायपूर्ण भारत के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ना है।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि बहुजन समाज और सामाजिक न्याय में विश्वास रखने वाले सभी लोग इस कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर भाग लेंगे और डॉ. अंबेडकर के विचारों को आगे बढ़ाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएँगे।
कार्यक्रम विवरण:
दिनांक: 1 अप्रैल 2026
समय: प्रातः 11:00 बजे
स्थान: डॉ. अंबेडकर पार्क, बहादुरपुर, सिधौली, जनपद सीतापुर
संयोजक:
राजेश कुमार सिद्धार्थ
राष्ट्रीय अध्यक्ष – डॉ. अंबेडकर संवैधानिक महासंघ
प्रदेश उपाध्यक्ष – किसान कांग्रेस
152 विधानसभा सिधौली, जनपद सीतापुर

