फतेहपुर में चुनावी रंजिश ने लिया खूनी रूप: पूर्व व वर्तमान प्रधान के गुटों में भिड़ंत, 6–9 लोग घायल, वीडियो वायरल
लव सिंह यादव/अब तक न्यूज
उत्तर प्रदेश के फतेहपुर जिले में ग्राम पंचायत चुनाव की पुरानी रंजिश ने शुक्रवार शाम एक बार फिर हिंसक रूप ले लिया। खखरेरू थाना क्षेत्र के डेरियापुर मजरा बरार गांव में पूर्व प्रधान रामप्रसाद निषाद और वर्तमान प्रधान छोटेलाल पाल के समर्थकों के बीच जमकर मारपीट हुई। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर लाठी-डंडों, ईंट-पत्थरों और लोहे की छड़ों से हमला बोला। इस हमले में पूर्व प्रधान की बुजुर्ग मां सहित 6 से 9 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल है।
मामूली विवाद से शुरू हुआ खूनी टकराव
ग्रामीणों के अनुसार, झगड़ा तब शुरू हुआ जब पूर्व प्रधान के समर्थक गांव में घूम रहे थे और वर्तमान प्रधान के गुट ने उन्हें रोक लिया। 2020 के पंचायत चुनाव से चली आ रही पुरानी दुश्मनी फिर भड़क उठी। माहौल इतना गरमाया कि करीब आधा घंटे तक गांव में अफरा-तफरी मची रही।
घायलों में पूर्व प्रधान की मां, उनका बेटा और वर्तमान प्रधान के दो समर्थक शामिल बताए जा रहे हैं। गंभीर रूप से घायल लोगों को पहले सीएचसी ले जाया गया, जहां से उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई, 8 लोग गिरफ्तार
घटना की जानकारी मिलते ही खखरेरू पुलिस मौके पर पहुंची और भीड़ को तितर-बितर किया। एसपी फतेहपुर ने अतिरिक्त पुलिस बल तैनात करने के आदेश दिए। दोनों पक्षों के खिलाफ धारा 147, 323, 504 समेत अन्य धाराओं में मुकदमा दर्ज कर 8 नामजद आरोपी गिरफ्तार कर लिए गए।
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि निष्पक्ष जांच के लिए दोनों पक्षों पर समान धाराओं में कार्रवाई की जा रही है। गांव में तनाव को देखते हुए पेट्रोलिंग बढ़ा दी गई है।
चुनावी दुश्मनी की लंबी पृष्ठभूमि
ग्रामीण बताते हैं कि 2020 के ग्राम पंचायत चुनाव के बाद से दोनों पक्षों के बीच तनाव लगातार बना हुआ है। समय-समय पर छोटे विवाद होते रहे, लेकिन इस बार मामला इतना बढ़ गया कि महिलाएं और बुजुर्ग भी चपेट में आ गए।
फतेहपुर जिले में हाल के महीनों में ऐसी कई घटनाएं सामने आई हैं। 16–17 नवंबर को चांदपुर थाना क्षेत्र के सिकंदरपुर गांव में भी चुनावी रंजिश में 9 लोग घायल हुए थे, जबकि अप्रैल 2025 में उरौली गांव में पूर्व प्रधान ने वर्तमान प्रधान पर कुल्हाड़ी और बंदूक से हमला किया था।
गांव में दहशत, शांति बहाली की कोशिश
हिंसा के बाद गांव में सन्नाटा पसरा है। कई परिवार घरों में कैद हैं और बच्चों के स्कूल-कॉलेज पर भी असर पड़ा है। प्रशासन शांति समिति की बैठक बुलाकर दोनों पक्षों के बीच समझौता कराने की कोशिश कर रहा है।
पुलिस ने अपील की है कि कोई भी व्यक्ति अफवाह या पुरानी रंजिश को हवा न दे। मामले की जांच जारी है।

