बहुजन नायक मान्यवर कांशीराम साहब की जयंती को ऐतिहासिक बनाने के लिए सिधौली क्षेत्र में व्यापक जनसंपर्क अभियान – राजेश कुमार सिद्धार्थ
मास्टरबाग (सीतापुर)।
बहुजन समाज के महानायक, सामाजिक परिवर्तन के अग्रदूत और शोषित-वंचित समाज को राजनीतिक चेतना देने वाले बहुजन नायक मान्यवर कांशीराम साहब की जयंती की पूर्व संध्या पर आगामी 14 मार्च 2026 को सिधौली के डॉ. अंबेडकर पार्क, बहादुरपुर में आयोजित होने वाली विशाल जनसभा एवं श्रद्धांजलि कार्यक्रम को ऐतिहासिक बनाने के लिए क्षेत्र में व्यापक जनसंपर्क अभियान तेज कर दिया गया है। इसी क्रम में डॉ. आंबेडकर संवैधानिक महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं किसान कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष राजेश कुमार सिद्धार्थ के नेतृत्व में सिधौली क्षेत्र के अनेक गांवों में जनसंपर्क अभियान चलाकर लोगों को कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया।
इस जनसंपर्क अभियान का उद्देश्य केवल एक कार्यक्रम में लोगों को आमंत्रित करना नहीं बल्कि बहुजन समाज को उनके महानायक मान्यवर कांशीराम साहब के विचारों से जोड़ना और सामाजिक जागरूकता को मजबूत करना भी है। जनसंपर्क के दौरान राजेश कुमार सिद्धार्थ ने ग्राम संडौर निवासी सुरेश कुमार गौतम, राजेंद्र प्रसाद, नवमी लाल तथा महेश कुमार गौतम सहित अनेक सामाजिक कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों से मुलाकात की और उनसे 14 मार्च को सिधौली पहुंचकर कार्यक्रम को ऐतिहासिक बनाने की अपील की।
जनसंपर्क अभियान के दौरान मुनौना ग्राम में भी व्यापक स्तर पर लोगों से संपर्क किया गया। यहां ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक कार्यक्रम में शामिल होने का आश्वासन दिया। इसके अतिरिक्त रामपुर कला, पलिया, कैमा, जुडौरा, दाऊदपुर सहित आसपास के अनेक गांवों में भी जनसंपर्क किया गया। गांव-गांव जाकर लोगों को बताया गया कि यह कार्यक्रम केवल एक जयंती समारोह नहीं बल्कि बहुजन समाज की एकता, जागरूकता और संगठन का प्रतीक है।
इस अभियान में क्षेत्र के सम्मानित सामाजिक कार्यकर्ता बंसराज भारती, राजेंद्र प्रसाद तथा अनवर बख्श सहित कई लोगों ने सक्रिय सहयोग किया। सभी ने मिलकर समाज के लोगों से अपील की कि वे अधिक से अधिक संख्या में सिधौली पहुंचकर मान्यवर कांशीराम साहब को श्रद्धांजलि अर्पित करें और उनके विचारों को आगे बढ़ाने का संकल्प लें।
जनसंपर्क के दौरान ग्रामीणों ने भी बड़ी संख्या में एकत्र होकर राजेश कुमार सिद्धार्थ का स्वागत किया और कार्यक्रम में शामिल होने का भरोसा दिया। कई स्थानों पर लोगों ने “जय भीम, जय भारत, जय संविधान” और “जिसकी जितनी संख्या भारी, उसकी उतनी भागीदारी” जैसे नारों के साथ बहुजन एकता का संदेश दिया।
इस अवसर पर अपने प्रमुख संबोधन में राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कहा कि मान्यवर कांशीराम साहब ने अपना संपूर्ण जीवन बहुजन समाज के उत्थान और स्वाभिमान के लिए समर्पित कर दिया। उन्होंने कहा कि कांशीराम साहब का जीवन संघर्ष, समर्पण और सामाजिक परिवर्तन की प्रेरणा देता है। उन्होंने समाज को यह सिखाया कि यदि बहुजन समाज शिक्षित, संगठित और जागरूक हो जाए तो वह लोकतंत्र में अपनी निर्णायक भूमिका निभा सकता है।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कहा कि कांशीराम साहब ने बहुजन समाज को केवल राजनीतिक मंच ही नहीं दिया बल्कि उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक भी किया। उन्होंने बहुजन समाज को यह समझाया कि लोकतंत्र में संख्या की ताकत बहुत महत्वपूर्ण होती है और यदि समाज संगठित हो जाए तो वह सत्ता और व्यवस्था दोनों में अपनी भागीदारी सुनिश्चित कर सकता है।
उन्होंने कहा कि “जिसकी जितनी संख्या भारी, उसकी उतनी भागीदारी” का नारा केवल एक राजनीतिक नारा नहीं बल्कि सामाजिक न्याय का मूल सिद्धांत है। यह विचार लोकतंत्र की वास्तविक भावना को दर्शाता है, जिसमें हर वर्ग को उसकी जनसंख्या के अनुसार सम्मानजनक प्रतिनिधित्व मिलना चाहिए।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कहा कि बाबा साहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर ने भारत को जो संविधान दिया, वह देश के सभी नागरिकों को समान अधिकार, स्वतंत्रता और न्याय प्रदान करता है। मान्यवर कांशीराम साहब ने उसी संविधान की मूल भावना को आगे बढ़ाते हुए बहुजन समाज को संगठित किया और उन्हें लोकतांत्रिक व्यवस्था में अपनी शक्ति पहचानने का संदेश दिया।
उन्होंने कहा कि आज देश और समाज के सामने कई प्रकार की चुनौतियां हैं। ऐसे समय में बहुजन समाज को अपने महान नेताओं के विचारों को समझने और उन्हें आगे बढ़ाने की आवश्यकता है। यदि समाज अपने इतिहास और अपने महापुरुषों के विचारों को भूल जाएगा तो वह अपनी दिशा खो देगा। इसलिए कांशीराम साहब की जयंती को केवल उत्सव के रूप में नहीं बल्कि संकल्प दिवस के रूप में मनाया जाना चाहिए।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कहा कि 14 मार्च 2026 को सिधौली के डॉ. अंबेडकर पार्क, बहादुरपुर में आयोजित होने वाला कार्यक्रम बहुजन समाज की एकता और जागरूकता का प्रतीक बनेगा। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग एकत्र होकर कांशीराम साहब को श्रद्धांजलि देंगे और उनके अधूरे सपनों को पूरा करने का संकल्प लेंगे।
उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि इस कार्यक्रम में अपने परिवार, मित्रों और गांव के अन्य लोगों के साथ अवश्य पहुंचें। उन्होंने कहा कि जितनी बड़ी संख्या में लोग कार्यक्रम में शामिल होंगे, उतना ही मजबूत संदेश समाज और शासन-प्रशासन तक पहुंचेगा कि बहुजन समाज अब जागरूक हो चुका है और अपने अधिकारों के प्रति सजग है।
जनसंपर्क अभियान के दौरान कई ग्रामीणों ने यह भी कहा कि कांशीराम साहब के विचार आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं जितने उनके जीवनकाल में थे। उन्होंने कहा कि आज की युवा पीढ़ी को भी उनके संघर्ष और विचारों से प्रेरणा लेने की आवश्यकता है।
ग्रामीणों ने कहा कि बहुजन समाज को एकजुट होकर सामाजिक न्याय, समानता और संविधान की रक्षा के लिए आगे आना होगा। यदि समाज संगठित रहेगा तो वह हर प्रकार की सामाजिक और राजनीतिक चुनौतियों का सामना कर सकता है।
इस दौरान उपस्थित लोगों ने यह भी कहा कि 14 मार्च को सिधौली में आयोजित कार्यक्रम बहुजन समाज के लिए एक ऐतिहासिक अवसर होगा। इस अवसर पर लोग एकजुट होकर अपने महानायक को श्रद्धांजलि देंगे और सामाजिक परिवर्तन के लिए नए संकल्प के साथ आगे बढ़ेंगे।
जनसंपर्क अभियान के अंत में राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कहा कि बहुजन समाज के महानायक मान्यवर कांशीराम साहब का सपना था कि समाज शिक्षित, संगठित और संघर्षशील बने। उन्होंने कहा कि यदि हम उनके विचारों को अपने जीवन में अपनाएं और समाज को जागरूक बनाने का कार्य करें, तो निश्चित रूप से उनका सपना साकार हो सकता है।
उन्होंने सभी बहुजन समाज के लोगों, सामाजिक संगठनों, युवाओं और जागरूक नागरिकों से अपील की कि वे 14 मार्च 2026 को सिधौली के डॉ. अंबेडकर पार्क, बहादुरपुर में आयोजित विशाल जनसभा एवं श्रद्धांजलि कार्यक्रम में अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर बहुजन नायक मान्यवर कांशीराम साहब को अपनी सच्ची श्रद्धांजलि अर्पित करें।
अंत में उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम केवल एक आयोजन नहीं बल्कि बहुजन समाज की एकता, स्वाभिमान और सामाजिक न्याय के आंदोलन को नई ऊर्जा देने का अवसर है। यदि समाज एकजुट होकर अपने महापुरुषों के विचारों को आगे बढ़ाएगा तो निश्चित रूप से आने वाला समय बहुजन समाज के लिए नई संभावनाओं और नई उपलब्धियों का समय होगा।

