डॉ. आर. आर. जैसवार ने की राजेश कुमार सिद्धार्थ के समर्पण की प्रशंसा
इस अवसर पर लखनऊ के प्रथम लोकपाल डॉ. आर. आर. जैसवार ने कहा —
“राजेश कुमार सिद्धार्थ जैसे पत्रकार बहुत दुर्लभ होते हैं। वे बिना किसी सरकारी सहायता, बिना किसी पद या लाभ की इच्छा के समाज की चेतना को जीवित रखने में लगे हैं। उनकी पत्रकारिता लाभ के लिए नहीं, बल्कि जनहित के लिए है। उन्होंने अपने कलम को सत्ता की नहीं, समाज की आवाज़ बनाया है।”
डॉ. जैसवार ने आगे कहा कि
“आज के दौर में जहाँ मीडिया का बड़ा हिस्सा विज्ञापनों और राजनीतिक प्रभाव में झुक गया है, वहीं राजेश कुमार सिद्धार्थ जैसे पत्रकार अपने सिद्धांतों और विचारधारा पर अडिग हैं। उन्होंने ‘बहुजन संगठक’ को केवल समाचार पत्र नहीं, बल्कि एक वैचारिक आंदोलन बना दिया है। उनका हर लेख समाज में जागरूकता और एकता का संदेश देता है।”
उन्होंने कहा कि “राजेश कुमार सिद्धार्थ जैसे लोग लोकतंत्र के असली प्रहरी हैं। वे न पद के लिए लड़ते हैं, न पुरस्कार के लिए, उनका एकमात्र उद्देश्य समाज में न्याय और समानता स्थापित करना है। ऐसे कर्मठ पत्रकारों के कारण ही लोकतंत्र की आत्मा आज भी जीवित है।
