बहराइच में 15 वर्षीय किशोर पर जानलेवा हमला
गर्दन पर गहरा वार, हालत गंभीर; आरोपी युवक पुलिस हिरासत में
रिपोर्ट: अंजनी चतुर्वेदी / अब तक न्याय बहराइच
उत्तर प्रदेश के बहराइच जनपद के सुजौली थाना क्षेत्र के कारीकोट गांव में मंगलवार की शाम उस समय सनसनी फैल गई जब गांव के ही एक युवक ने 15 वर्षीय बालक पर धारदार हथियार से अचानक हमला कर दिया। घटना इतनी तेजी से घटी कि आसपास मौजूद लोग समझ भी नहीं पाए कि क्या हुआ। वार सीधे बालक के गर्दन पर किया गया, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़ा। ग्रामीणों के अनुसार हमला जान लेने के इरादे से किया गया था।
स्थानीय लोगों का कहना है कि घायल किशोर प्रीतम (15) किसी साधारण काम से शाम के समय घर के बाहर निकला था। रास्ते में गांव के ही एक युवक ने अचानक उसे रोककर धारदार हथियार से गर्दन पर वार कर दिया। हमले की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और बच्चे को खून से लथपथ हालत में देखा। ग्रामीणों ने तुरंत सुजौली थाना पुलिस और 112 नंबर पर कॉल कर घटना की जानकारी दी।
पुलिस और डायल 112 की टीम मौके पर पहुंची और आनन-फानन में 108 एम्बुलेंस की मदद से गंभीर रूप से घायल प्रीतम को अस्पताल भेजा गया। प्राथमिक चिकित्सा के बाद चिकित्सकों ने उसकी हालत चिंताजनक देखकर उसे समुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रमियाबेहड़ रेफर कर दिया। डॉक्टरों ने बताया कि गर्दन पर गहरा कट होने के कारण खून काफी निकल चुका था, समय पर इलाज न मिलता तो स्थिति और भी खराब हो सकती थी।
कारीकोट गांव में इस घटना से दहशत का माहौल है। ग्रामीणों ने बताया कि हमलावर युवक और प्रीतम के परिवार के बीच कुछ समय पहले मामूली विवाद हुआ था, हालांकि मामला शांत हो गया था और गांव के बुजुर्गों ने समझौता करवा दिया था। लेकिन मंगलवार की घटना ने पूरे गांव को हिला दिया है। कई ग्रामीणों ने सवाल उठाए कि आखिर एक छोटा-सा विवाद इस स्तर तक कैसे पहुंच गया कि जानलेवा हमला करने की नौबत आ गई।
घटना की जानकारी क्षेत्राधिकारी मिहींपुरवा तक पहुंचते ही उन्होंने मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस टीम को मौके पर भेजा। सीओ ने बताया कि प्रीतम की स्थिति अब स्थिर है और वह खतरे से बाहर है। उन्होंने कहा कि घटना की जांच तेजी से की जा रही है और आरोपी को हिरासत में लिया जा चुका है। पुलिस उसके खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज कर रही है। पूछताछ के दौरान आरोपी युवक ने हमले की वजह स्पष्ट रूप से नहीं बताई है, जिससे पुलिस को कई कोणों से जांच करनी पड़ रही है।
पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में पुरानी रंजिश, व्यक्तिगत तनाव, आपसी विवाद या किसी तीसरे पक्ष की उकसाहट जैसे कई पहलू सामने आ रहे हैं, जिनकी पड़ताल की जा रही है। पुलिस टीम घटनास्थल से सबूत इकट्ठा कर रही है और वारदात में इस्तेमाल किए गए धारदार हथियार की तलाश जारी है।
घटना के बाद गांव में सुरक्षा के लिहाज से पुलिस बल तैनात किया गया है ताकि किसी भी प्रकार की अनहोनी या तनावजनित स्थिति से निपटा जा सके। ग्रामीण आरोपी के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं और घायल किशोर के परिवार को न्याय दिलाने की बात कह रहे हैं।
पीड़ित बच्चे के परिवारजन स्वाभाविक रूप से सदमे में हैं और लगातार डॉक्टरों से उसके स्वास्थ्य की जानकारी ले रहे हैं। परिवार ने कहा कि वे किसी से दुश्मनी नहीं रखते, लेकिन जिस तरह बच्चे पर हमला किया गया है, वह किसी भी लोकतांत्रिक समाज में अस्वीकार्य है। उन्होंने प्रशासन से सख्त कार्रवाई की मांग की है।
सुजौली पुलिस ने आश्वासन दिया है कि पूरा मामला निष्पक्ष रूप से जांचा जाएगा और दोषी व्यक्ति को वैधानिक प्रक्रिया के तहत कठोर दंड दिया जाएगा। अधिकारियों ने यह भी कहा कि नाबालिग पर इस तरह हमला करने वालों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा।
घटना के बाद कारीकोट गांव के लोग लगातार सोशल मीडिया पर भी बच्चें की सुरक्षा और न्याय की मांग उठा रहे हैं। कई सोशल मीडिया यूजर्स ने प्रशासन से इस प्रकार की घटनाओं पर रोक लगाने के लिए कड़ी कार्रवाई की अपील की है। परिवार को भावनात्मक सहयोग भी मिल रहा है और लोग बच्चे के जल्द स्वस्थ होने की कामना कर रहे हैं।
पुलिस की जांच जारी है और आने वाले दिनों में इस घटना से जुड़े कई महत्वपूर्ण पहलुओं का खुलासा होने की संभावना है। गांव के लोग इस घटना को किसी भी सूरत में हल्के में नहीं लेना चाहते और आरोपी के खिलाफ न्यायिक कार्रवाई की प्रतीक्षा कर रहे हैं।

