आमोद कुमार
आमोद कुमार
बांदा, 4 जून। जनपद के विकास कार्यों,जनकल्याणकारी योजनाओं और कानून व्यवस्था की व्यापक समीक्षा करते हुए प्रभारी मंत्री Dinesh Pratap Singh ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी परियोजनाएं निर्धारित समयसीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण कराई जाएं। उन्होंने कहा कि विकास योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए और इसमें किसी प्रकार की शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी।कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में सबसे पहले 40 लाख रुपये से अधिक लागत वाली निर्माणाधीन परियोजनाओं की प्रगति पर चर्चा हुई। मंत्री ने अधूरे कार्यों को तेजी से पूरा कराने तथा गुणवत्ता मानकों से कोई समझौता न करने के निर्देश दिए।बैठक में कृषि क्षेत्र की समीक्षा के दौरान बताया गया कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत जिले के किसानों के खातों में अब तक लगभग 984 करोड़ रुपये हस्तांतरित किए जा चुके हैं, जबकि फसल बीमा योजना के अंतर्गत करीब 1.40 लाख किसानों को लाभान्वित किया गया है। मंत्री ने खाद और बीज की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने तथा सीमावर्ती जनपद होने के कारण खाद आपूर्ति पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए।स्वास्थ्य विभाग की समीक्षा में न्यूरोलॉजी और कार्डियोलॉजी विशेषज्ञ चिकित्सकों की उपलब्धता सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। वहीं भीषण गर्मी और हीट वेव को देखते हुए जिलाधिकारी Amit Aseri ने बताया कि आईसीडीएस और बेसिक शिक्षा विभाग की टीमें घर-घर ओआरएस किट वितरण और जनजागरूकता अभियान चला रही हैं।जल जीवन मिशन की समीक्षा के दौरान प्रभारी मंत्री ने पाइपलाइन बिछाने से क्षतिग्रस्त हुई सड़कों को तत्काल ठीक कराने और प्रत्येक गांव में नियमित पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। विशेष रूप से मतौंध क्षेत्र में पेयजल उपलब्धता को लेकर अधिकारियों को गंभीरता से कार्य करने को कहा गया।
लोक निर्माण विभाग को वर्षा ऋतु से पहले सभी क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत कराने के निर्देश दिए गए, जबकि पंचायती राज विभाग को प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में पंचायत उत्सव भवन और सामुदायिक बारात घरों के निर्माण की प्रक्रिया तेज करने को कहा गया।पर्यटन विकास को लेकर मंत्री ने जिले के धार्मिक एवं आस्था केंद्रों के समग्र विकास पर बल दिया। साथ ही प्रमुख स्थलों पर 125 फीट ऊंचे राष्ट्रीय ध्वज स्थापित करने की योजना को आगे बढ़ाने के निर्देश दिए।
वन विभाग की समीक्षा में वृक्षारोपण अभियान को व्यापक स्तर पर संचालित करने, पौधों के संरक्षण और गौशालाओं में गोवंशों के लिए बेहतर सुविधाएं सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। उन्होंने प्रत्येक गौशाला परिसर में वृक्षारोपण और ट्री गार्ड लगाने के निर्देश भी दिए।उद्योग विभाग की समीक्षा में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास योजना के प्रभावी संचालन, लैंड बैंक विस्तार और नए औद्योगिक क्षेत्रों के विकास पर बल दिया गया। साथ ही खाद्य प्रसंस्करण इकाइयों को बढ़ावा देने के निर्देश दिए गए ताकि स्थानीय स्तर पर रोजगार और निवेश के अवसर बढ़ सकें।राजस्व मामलों की समीक्षा करते हुए मंत्री ने एक वर्ष से अधिक समय से लंबित मामलों की सूची तलब की और उनके समयबद्ध निस्तारण के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनता से जुड़े मामलों का पारदर्शी और त्वरित समाधान प्रशासन की सर्वोच्च जिम्मेदारी है।कानून व्यवस्था की समीक्षा के दौरान अपराध नियंत्रण, दोषसिद्धि दर और महिला सुरक्षा से जुड़े विषयों पर चर्चा की गई। मंत्री ने स्कूलों और कॉलेजों में साइबर अपराध, महिला सुरक्षा और कानून संबंधी जागरूकता कार्यक्रम चलाने के निर्देश दिए ताकि युवाओं को समय रहते जागरूक किया जा सके।
बैठक में Prakash Dwivedi, Ommani Verma, Babulal Tiwari, Sunil Singh Patel, Kallu Rajput, Palash Bansal समेत जनप्रतिनिधि और सभी विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
