मिट्टी खनन माफियाओं के हौसले बुलंद जरा से भी नहीं है शासन प्रशासन का खौफ।
मिट्टी खनन माफियाओं के हौसले बुलंद जरा से भी नहीं है शासन प्रशासन का खौफ।
ग्राम पंचायत बरई बिलासा विकासखण्ड चित्तौरा थाना रिसिया में काफी दिनों से अवैध मिट्टी खनन का कारोबार चलता रहा।
फिर भी पुलिस को नहीं चला पता या फिर जानते हुए भी थाने की पुलिस अंजान बनी रही यह तो जांच का विषय है
जब अब तक न्याय समाचार पत्र की टीम मौके पर पहुंची तब हुआ पूरा खुलासा जो तस्वीरों में साफ साफ देखा जा सकता है।
ग्राम पंचायत बरई बिलासा के निवासी किसान इन्द्रावन पुत्र बिहारी से जब अब तक टीवी न्यूज चैनल की टीम द्वारा जानकारी ली गई कि आपने मिट्टी कितने फुट बेचा है तो किसान ने बताया कि मिट्टी हमने राजेश प्रधान अलिया बुल बुल से बेच दिया है हमारी फुट की कोई बात नहीं हुई है जो किसान की जुबानी कैमरे में कैद तस्वीरों में सुन व देख सकते है
इतना ही नहीं जब मीडिया की टीम मौके पर पहुंची तो तमाम गाड़ियां मिट्टी भरकर इन्हीं सड़कों पर दौड़ती हुई दिखीं
मिट्टी खनन स्थल पर गहराई देखकर होश दंग रह जाएंगे यह है खनन माफियाओं का राज
मिट्टी खनन कार्य स्थल के चारों तरफ गहरे गहरे गड्ढे नजर आएंगे
इतना ही नहीं जब अब तक टीवी न्यूज चैनल की टीम द्वारा पत्रकार खबर कवरेज करने लगे तो खनन माफियाओं के गुर्गों की आवाज सुनकर दंग रह जाएंगे गुर्गों ने कहा कि जितना खबर प्रकाशित करना हो कर लो यहां पर काफी दिनों से ऐसे ही काम होता रहा है बहुत लोग आए यहां और बहुत लोग चले भी गए आपको जो करना हो कर लो यहां कुछ होने वाला नहीं है
यह पूरा मामला जनपद बहराइच के थाना रिसिया के अंतर्गत ग्राम पंचायत बरई बिलासा का है
जब इस संबंध में क्षेत्रीय पुलिस इंस्पेक्टर संजय सिंह व सदर तहसीलदार बहराइच अनुरुद्ध यादव से पत्रकार ने मोबाइल फोन द्वारा बात किया तो बताया गया की पहले आप खनन अधिकारी को सूचना दे दीजिए फिर हम लोग इस मामले को देखेंगे
इतना ही नहीं बल्कि क्षेत्रीय लेखपाल दीपका पाण्डेय द्वारा बताया गया कि कई बार हमने मौके पर मिट्टी भरते समय गाड़ियों को रोका भी है और रिसिया थाने के क्षेत्रीय पुलिस को फोन किया लेकिन पुलिस मौके पर नहीं पहुंचती है इसी वजह से खनन माफियाओं के हौसले बुलंद है और इसी तरह महिला लेखपाल अधिकारी को खनन माफिया चकमा देकर निकल जाते हैं इससे यह प्रतीत होता है कि रिसिया पुलिस की मिली भगत से खनन माफियाओं के हौसले बुलंद हैं
सबसे बड़ा सवाल
काफी दिनों से खनन माफियाओं का कारोबार चलता रहा आखिर क्या क्षेत्रीय पुलिस, क्षेत्रीय लेखपाल, या फिर सदर तहसीलदार बहराइच, जिला खनन अधिकारी बहराइच, या उपजिलाधिकारी सदर तहसील बहराइच को ये मिट्टी खनन माफिया क्यों चकमा देते रहे और इन उच्च अधिकारियों को जरा से भी भनक नहीं लगने दिया आखिर इसमें इन मिट्टी खनन माफियाओं को किसकी संलिप्ता प्राप्त है जो इतना बड़ा मिट्टी खनन का कार्य चलता रहा और किसी को भी नहीं रहा पता
अब देखना यह है कि खबर प्रकाशित होने के बाद मिट्टी खनन माफियाओं पर कोई कार्यवाही होती है या नहीं
अब तक न्याय समाचार पत्र से मण्डल ब्यूरो अदहम खान की खास रिपोर्ट
