हजरतगंज/सिधौली। सामाजिक न्याय, समानता और संविधानिक मूल्यों के प्रति जनजागरण के उद्देश्य से 152 विधानसभा सिधौली क्षेत्र में सक्रिय राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. अंबेडकर संवैधानिक महासंघ एवं प्रदेश उपाध्यक्ष किसान कांग्रेस राजेश कुमार सिद्धार्थ के नेतृत्व में 11 अप्रैल 2026 को राजधानी लखनऊ के हजरतगंज में एक महत्वपूर्ण एवं ऐतिहासिक कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस कार्यक्रम के माध्यम से भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प लिया जाएगा, साथ ही अंबेडकर पार्कों एवं प्रतिमाओं की सुरक्षा जैसे गंभीर मुद्दों को प्रमुखता से उठाया जाएगा।
कार्यक्रम की रूपरेखा के अनुसार प्रातः काल में हजरतगंज स्थित बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी जाएगी। इस अवसर पर बड़ी संख्या में कार्यकर्ता, सामाजिक कार्यकर्ता, बुद्धिजीवी एवं आमजन उपस्थित रहेंगे और बाबा साहेब के दिखाए गए मार्ग पर चलने का संकल्प लेंगे। कार्यक्रम में उपस्थित लोग संविधान की प्रस्तावना को आत्मसात करते हुए सामाजिक समरसता, समान अधिकार और न्याय की स्थापना के लिए अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त करेंगे।
श्रद्धांजलि कार्यक्रम के उपरांत प्रतिनिधिमंडल डॉ. अंबेडकर महासभा पहुंचेगा, जहां बाबा साहेब की प्रतिमा एवं अस्थि कलश को नमन करते हुए उनके प्रति अपनी श्रद्धा अर्पित की जाएगी। इस दौरान माननीय लाल जी प्रसाद निर्मल (एमएलसी) से शिष्टाचार भेंट की जाएगी और उनसे क्षेत्रीय समस्याओं एवं सामाजिक मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।
कार्यक्रम के अगले चरण में प्रतिनिधिमंडल उत्तर प्रदेश सरकार के समाज कल्याण मंत्री आसिम अरुण से मुलाकात करेगा। इस दौरान मंत्री एवं एमएलसी दोनों को संयुक्त रूप से एक विस्तृत ज्ञापन सौंपा जाएगा, जिसमें सिधौली सहित जनपद सीतापुर के विभिन्न गांवों, कस्बों एवं सार्वजनिक स्थलों पर स्थापित बाबा साहेब अंबेडकर की प्रतिमाओं एवं अंबेडकर पार्कों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग प्रमुख रूप से शामिल होगी।
ज्ञापन में यह मांग उठाई जाएगी कि सभी अंबेडकर पार्कों के चारों ओर मजबूत एवं स्थायी बाउंड्री वॉल का निर्माण कराया जाए, जिससे असामाजिक तत्वों से सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। साथ ही, प्रतिमाओं की सुरक्षा के लिए स्थायी सुरक्षा कर्मियों की तैनाती, सीसीटीवी कैमरों की स्थापना तथा संवेदनशील स्थलों पर छावनी जैसी सुरक्षा व्यवस्था लागू करने की भी मांग की जाएगी। इसके अतिरिक्त पार्कों के रखरखाव, साफ-सफाई एवं सौंदर्यीकरण पर भी विशेष ध्यान देने की आवश्यकता पर बल दिया जाएगा।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर केवल एक महान व्यक्तित्व नहीं, बल्कि एक विचारधारा हैं, जिन्होंने समाज के वंचित, शोषित एवं पिछड़े वर्गों को समान अधिकार दिलाने के लिए आजीवन संघर्ष किया। उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता इस बात की है कि हम केवल उनके विचारों का गुणगान न करें, बल्कि उन्हें अपने जीवन में आत्मसात करें और समाज में व्याप्त असमानताओं को समाप्त करने के लिए सक्रिय भूमिका निभाएं।
उन्होंने आगे कहा कि अंबेडकर पार्क एवं प्रतिमाएं केवल प्रतीक मात्र नहीं हैं, बल्कि वे सामाजिक चेतना के केंद्र हैं। इन स्थानों पर लोग प्रेरणा लेने आते हैं, इसलिए इनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना अत्यंत आवश्यक है। यदि इनकी सुरक्षा में लापरवाही बरती जाती है, तो यह समाज की भावनाओं को आहत करने जैसा है, जिसे किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने सरकार से मांग करते हुए कहा कि इस विषय को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र प्रभावी कदम उठाए जाएं, ताकि प्रदेश भर में स्थापित महापुरुषों की प्रतिमाएं सुरक्षित रह सकें। उन्होंने यह भी कहा कि यदि आवश्यक हुआ तो इस मुद्दे को लेकर व्यापक जनआंदोलन भी किया जाएगा, जिससे सरकार का ध्यान इस ओर आकर्षित किया जा सके।
कार्यक्रम में उपस्थित सभी लोगों ने एक स्वर में यह संकल्प लिया कि वे बाबा साहेब के बताए मार्ग पर चलते हुए समाज में जागरूकता फैलाएंगे और संविधान की रक्षा के लिए हर संभव प्रयास करेंगे। साथ ही, आगामी दिनों में आयोजित होने वाले सामाजिक एवं जनजागरण कार्यक्रमों में भी बढ़-चढ़कर भाग लेने का आह्वान किया गया।
अंत में राजेश कुमार सिद्धार्थ ने सभी कार्यकर्ताओं, पदाधिकारियों एवं आमजन से अपील की कि वे अधिक से अधिक संख्या में कार्यक्रम में शामिल होकर इसे सफल बनाएं। उन्होंने कहा कि यह केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि सामाजिक सम्मान, अधिकारों की रक्षा और संविधान के प्रति आस्था का प्रतीक है। इस प्रकार यह आयोजन समाज में सकारात्मक संदेश देने के साथ-साथ एक नई ऊर्जा और दिशा प्रदान करेगा, जिससे आने वाले समय में सामाजिक परिवर्तन की गति और तेज होगी।

