खोर नगरी (शमसाबाद, फर्रुखाबाद):
आस्था की कोई सीमा नहीं होती, और इसका जीवंत उदाहरण आज खोर नगरी में देखने को मिला। राजस्थान के जोतपुर से चलकर आए परम शिव भक्तों ने आज शमसाबाद (फर्रुखाबाद) के अत्यंत प्राचीन और ऐतिहासिक चौमुखे महादेव पशुपतिनाथ मंदिर में शीश नवाया और भोलेनाथ के अलौकिक दर्शन किए।
सुंदर वेला में भक्तिमय अनुष्ठान
प्राप्त जानकारी के अनुसार, जोतपुर से विशेष रूप से पधारे बाल कृष्ण शर्मा, चंद्र कला शर्मा और डा० रचना शर्मा ने बारझाला से आए अन्य शिव भक्तों के साथ मिलकर सुबह की पावन वेला में मंदिर प्रांगण में प्रवेश किया। सभी भक्तों ने पूर्ण श्रद्धा और शांति भाव के साथ महादेव का विधि-विधान से पूजन-अर्चन किया और अपने परिवार व समाज की खुशहाली के लिए मन्नतें मांगीं।
प्राचीन मंदिर की अनूठी विशेषताएं जानीं
दर्शन के पश्चात भक्तों ने मंदिर प्रांगण का भ्रमण किया। उन्होंने इस पौराणिक मंदिर के इतिहास, इसकी प्राचीन कलाकृतियों और चौमुखे स्वरूप की अनूठी विशेषताओं के बारे में विस्तार से जानकारी ली।
"दर्शन पाकर जीवन धन्य हो गया"
भोलेनाथ की भक्ति में लीन श्रद्धालुओं ने दर्शन के बाद अपनी खुशी जाहिर करते हुए कहा, "हम इतनी दूर से चलकर आए हैं, और महादेव के इस दिव्य रूप के दर्शन पाकर हमारा जीवन धन्य हो गया है। हम प्रभु के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त करते हैं।" दर्शन और पूजन के इस आलौकिक अनुभव से सभी भक्त भावविभोर नजर आए।सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार.

