2026 को 25,000 मोमबत्तियां जलाकर महापुरुषों को श्रद्धांजलि देने का लिया गया संकल्प
मास्टरबाग, सीतापुर। जनपद सीतापुर की विधानसभा सिधौली क्षेत्र के अंतर्गत मास्टरबाग में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें सामाजिक, राजनीतिक एवं किसान संगठनों के प्रमुख पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। यह बैठक भारतीय किसान यूनियन (टिकैत) के तहसील अध्यक्ष बाल गोविंद यादव की अध्यक्षता में संपन्न हुई, जबकि संचालन की जिम्मेदारी राम भरोसे यादव ने कुशलतापूर्वक निभाई। बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी 29 अप्रैल 2026 को प्रस्तावित “संविधान स्वाभिमान यात्रा” एवं बहुजन समाज के महापुरुषों के सम्मान में आयोजित होने वाले भव्य कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार करना था।
बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में डॉ आंबेडकर संवैधानिक महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं किसान कांग्रेस के प्रदेश उपाध्यक्ष राजेश कुमार सिद्धार्थ उपस्थित रहे। उनके साथ संगठन के मंडल अध्यक्ष नंदलाल गौतम सहित क्षेत्र के अनेक गणमान्य व्यक्ति भी उपस्थित रहे। बैठक में उपस्थित सभी वक्ताओं ने एक स्वर में समाज में जागरूकता फैलाने, संविधान के प्रति सम्मान बढ़ाने और बहुजन समाज के महापुरुषों के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने की आवश्यकता पर बल दिया।
अपने संबोधन में राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कहा कि 29 अप्रैल 2026 का दिन सिधौली विधानसभा क्षेत्र के लिए ऐतिहासिक बनने जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस दिन “संविधान स्वाभिमान यात्रा” निकाली जाएगी, जिसमें हजारों की संख्या में लोग शामिल होंगे। यह यात्रा केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि एक विचारधारा का प्रतीक होगी, जो संविधान के मूल्यों, समानता, न्याय और अधिकारों की रक्षा के लिए समर्पित है। उन्होंने आगे कहा कि इस अवसर पर 25,000 मोमबत्तियां जलाकर बहुजन समाज में जन्मे महान महापुरुषों को श्रद्धांजलि अर्पित की जाएगी, जो समाज के लिए एक प्रेरणादायक और ऐतिहासिक क्षण होगा।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने अपने वक्तव्य में यह भी कहा कि “जिसकी जितनी संख्या भारी, उसकी उतनी भागीदारी” का सिद्धांत आज के समय में अत्यंत प्रासंगिक है। उन्होंने बहुजन समाज के लोगों से आह्वान किया कि वे अपने अधिकारों के प्रति जागरूक हों और लोकतांत्रिक व्यवस्था में अपनी भागीदारी को सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि यह कार्यक्रम केवल एक आयोजन नहीं बल्कि एक सामाजिक आंदोलन है, जिसका उद्देश्य समाज में समानता और न्याय की स्थापना करना है।
उन्होंने उपस्थित लोगों से अपील करते हुए कहा कि वे अधिक से अधिक संख्या में 29 अप्रैल को मास्टरबाग पहुंचें और इस ऐतिहासिक कार्यक्रम का हिस्सा बनें। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि जब तक समाज के लोग संगठित होकर अपने अधिकारों के लिए आवाज नहीं उठाएंगे, तब तक सामाजिक परिवर्तन संभव नहीं है। इसलिए यह आवश्यक है कि सभी लोग व्यक्तिगत मतभेदों को भुलाकर एकजुट हों और समाज के उत्थान के लिए कार्य करें।
मंडल अध्यक्ष नंदलाल गौतम ने अपने संबोधन में बाबा साहेब के विचारों को उद्धृत करते हुए कहा कि “जुल्म करने वाले से जुल्म सहने वाला ज्यादा गुनहगार होता है।” उन्होंने कहा कि यह समय चुप रहने का नहीं, बल्कि अन्याय के खिलाफ आवाज उठाने का है। उन्होंने उपस्थित जनसमूह से अपील की कि वे बाबा साहेब के बताए मार्ग पर चलते हुए अन्याय और अत्याचार के खिलाफ संघर्ष करें और समाज में जागरूकता फैलाएं।
नंदलाल गौतम ने आगे कहा कि 29 अप्रैल को आयोजित होने वाला कार्यक्रम केवल श्रद्धांजलि का आयोजन नहीं होगा, बल्कि यह समाज में एक नई चेतना और ऊर्जा का संचार करेगा। उन्होंने कहा कि 25,000 मोमबत्तियां जलाकर जो संदेश दिया जाएगा, वह पूरे प्रदेश में एक नई मिसाल कायम करेगा। उन्होंने सभी से आग्रह किया कि वे इस कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर भाग लें और इसे सफल बनाएं।
बैठक में उपस्थित अन्य वक्ताओं ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए कार्यक्रम की सफलता के लिए सुझाव दिए और सभी को एकजुट होकर कार्य करने का आह्वान किया। सभी वक्ताओं ने राजेश कुमार सिद्धार्थ के नेतृत्व की सराहना करते हुए कहा कि उनका यह प्रयास समाज के लिए अत्यंत प्रेरणादायक है और इससे निश्चित रूप से सकारात्मक परिवर्तन आएगा।
बैठक में उपस्थित लोगों ने एक स्वर में यह कहा कि राजेश कुमार सिद्धार्थ द्वारा किया जा रहा यह कार्य अत्यंत सराहनीय और ऐतिहासिक है। उन्होंने उनके नेतृत्व में पूर्ण विश्वास जताते हुए कहा कि वे इस अभियान में उनके साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलेंगे और कार्यक्रम को सफल बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ेंगे।
कार्यक्रम के दौरान यह भी निर्णय लिया गया कि आने वाले दिनों में गांव-गांव और क्षेत्र-क्षेत्र में जनसंपर्क अभियान चलाया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक लोगों को इस कार्यक्रम के बारे में जानकारी मिल सके और वे इसमें अपनी सहभागिता सुनिश्चित कर सकें। इसके लिए विभिन्न समितियों का गठन भी किया जाएगा, जो कार्यक्रम की तैयारियों की जिम्मेदारी संभालेंगी।
बैठक का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ किया गया, जिसमें सभी उपस्थित लोगों का आभार व्यक्त किया गया और उन्हें 29 अप्रैल के कार्यक्रम में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया गया। आयोजकों ने विश्वास व्यक्त किया कि यह कार्यक्रम न केवल सिधौली बल्कि पूरे जनपद सीतापुर के लिए एक ऐतिहासिक उपलब्धि साबित होगा और समाज में एक नई दिशा प्रदान करेगा।
इस अवसर पर क्षेत्र के अनेक गणमान्य नागरिक, सामाजिक कार्यकर्ता, किसान नेता और युवा कार्यकर्ता उपस्थित रहे, जिनमें सभी ने एकजुटता और उत्साह के साथ कार्यक्रम की सफलता का संकल्प लिया।

