सिधौली, सीतापुर। 152 विधानसभा सिधौली क्षेत्र के डॉ. अंबेडकर पार्क बहादुरपुर में किसान पंचायत एवं जनसमस्याओं को लेकर आयोजित "पीड़ितों की कहानी, उन्हीं की
[रात 10:37 बजे, 30/5/2026] गौरव अफिस नं.1: सिधौली, सीतापुर। 152 विधानसभा सिधौली क्षेत्र के डॉ. अंबेडकर पार्क बहादुरपुर में किसान पंचायत एवं जनसमस्याओं को लेकर आयोजित "पीड़ितों की कहानी, उन्हीं की जुबानी" कार्यक्रम में किसानों, मजदूरों और बहुजन समाज से जुड़े लोगों ने अपनी समस्याएं प्रमुखता से उठाईं। कार्यक्रम की अध्यक्षता किसान कांग्रेस उत्तर प्रदेश के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं डॉ. अंबेडकर संवैधानिक महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेश कुमार सिद्धार्थ ने की।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कहा कि उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में स्थापित बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमाओं एवं पार्कों की सुरक्षा के लिए बाउंड्री वॉल और प्रतिमाओं पर छावनी निर्माण कराने की घोषणा की थी, लेकिन लगभग छह माह बीत जाने के बाद भी 152 विधानसभा सिधौली क्षेत्र में इस दिशा में कोई ठोस कार्रवाई दिखाई नहीं दे रही है।
उन्होंने कहा कि क्षेत्र के अनेक अंबेडकर पार्क आज भी असुरक्षित हैं। न तो उनकी चारदीवारी का निर्माण कराया गया है और न ही प्रतिमाओं की सुरक्षा के लिए छावनी बनाई गई है। इससे बहुजन समाज की भावनाएं आहत हो रही हैं तथा लोगों में भारी नाराजगी व्याप्त है।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कहा कि बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर देश के संविधान निर्माता और सामाजिक न्याय के प्रतीक हैं। उनके नाम पर स्थापित पार्कों और प्रतिमाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है। यदि सरकार अपनी घोषणाओं को लागू नहीं करती है तो यह बहुजन समाज के सम्मान से जुड़ा गंभीर विषय बन जाएगा।
उन्होंने कहा कि संगठन द्वारा पूर्व में भी कई बार ज्ञापन देकर प्रशासन और सरकार का ध्यान इस ओर आकर्षित किया गया है, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने मुख्यमंत्री से मांग की कि सिधौली विधानसभा सहित पूरे प्रदेश में अंबेडकर पार्कों की सुरक्षा के लिए तत्काल बाउंड्री वॉल और छावनी निर्माण का कार्य शुरू कराया जाए।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो किसान, मजदूर, नौजवान और बहुजन समाज के लोग लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन करने के लिए बाध्य होंगे। उन्होंने घोषणा की कि 15 जून 2026 को डॉ. अंबेडकर पार्क सिधौली से मुख्यमंत्री आवास लखनऊ तक पदयात्रा निकाली जाएगी। इस पदयात्रा में बड़ी संख्या में सामाजिक कार्यकर्ता, किसान, मजदूर और बहुजन समाज के लोग शामिल होंगे।
उन्होंने कहा कि यदि आंदोलन की स्थिति उत्पन्न होती है तो उसकी पूरी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन और प्रदेश सरकार की होगी। संगठन सामाजिक न्याय, संवैधानिक अधिकारों और बाबा साहेब के सम्मान की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष जारी रखेगा।
कार्यक्रम में अभय प्रताप सिंह त्यागी, वंशराज भारती, मीणा गौतम, पंडित प्रदीप बौद्ध, आर. आजाद, डॉ. राम अवतार भारती, विनोद कुमार गौतम, ज्ञानेंद्र कुमार गौतम, लक्ष्मी गौतम, राजेश कुमार, मनोज कुमार सहित बड़ी संख्या में किसान, सामाजिक कार्यकर्ता एवं क्षेत्रीय नागरिक उपस्थित रहे।
"अब न जुल्म सहेंगे, न जुल्म करेंगे" के संकल्प के साथ उपस्थित लोगों ने अंबेडकर पार्कों की सुरक्षा एवं जनसमस्याओं के समाधान के लिए संघर्ष जारी रखने का संकल्प लिया।
[रात 10:37 बजे, 30/5/2026] गौरव अफिस नं.1: किसान पंचायत में गूंजा जनसमस्याओं का मुद्दा, न्याय न मिलने पर 15 जून से आंदोलन की चेतावनी
सिधौली (सीतापुर)। 152 विधानसभा सिधौली के अंतर्गत डॉ. अंबेडकर पार्क बहादुरपुर में किसान पंचायत एवं जनसमस्याओं को लेकर "पीड़ितों की कहानी, उन्हीं की जुबानी" कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता किसान कांग्रेस उत्तर प्रदेश के प्रदेश उपाध्यक्ष एवं डॉ. अंबेडकर संवैधानिक महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजेश कुमार सिद्धार्थ ने की।
कार्यक्रम में क्षेत्र के दर्जनों पीड़ितों एवं किसानों ने अपनी-अपनी समस्याओं को विस्तार से रखा। जनसमस्याओं को गंभीरता से लेते हुए राजेश कुमार सिद्धार्थ ने तत्काल उपजिलाधिकारी सिधौली से दूरभाष पर वार्ता की। इसके बाद तहसीलदार सिधौली पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और पीड़ितों की शिकायतों को सुनकर उनके निस्तारण का आश्वासन दिया।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने तहसीलदार एवं पुलिस प्रशासन से स्पष्ट शब्दों में कहा कि यदि पीड़ितों को समयबद्ध तरीके से न्याय नहीं मिला तो 15 जून से सड़क पर उतरकर व्यापक जनआंदोलन किया जाएगा, जिसकी समस्त जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी।
उन्होंने कहा कि आम जनता, किसान, मजदूर एवं गरीब वर्ग लगातार विभिन्न समस्याओं से जूझ रहे हैं, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हो रही है। प्रशासन को संवेदनशील होकर कार्य करना चाहिए और जनता को त्वरित न्याय उपलब्ध कराना चाहिए।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए राजेश कुमार सिद्धार्थ ने उत्तर प्रदेश सरकार और भारतीय जनता पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि प्रदेश में महंगाई चरम सीमा पर पहुंच चुकी है। किसानों को समय पर खाद, बीज और सिंचाई के लिए पानी उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। खेती की लागत लगातार बढ़ रही है जबकि किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य नहीं मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि गेहूं का समर्थन मूल्य और बाजार मूल्य किसानों की लागत के अनुरूप नहीं है। डीजल, पेट्रोल और रसोई गैस की कीमतों में लगातार वृद्धि से किसान और आम नागरिक दोनों प्रभावित हो रहे हैं। सरकार द्वारा किसानों की आय दोगुनी करने के किए गए वादे धरातल पर दिखाई नहीं दे रहे हैं। किसान आर्थिक संकट से गुजर रहा है और कई स्थानों पर आत्महत्या जैसी घटनाएं भी सामने आ रही हैं।
राजेश कुमार सिद्धार्थ ने कहा कि यदि किसानों की समस्याओं का शीघ्र समाधान नहीं किया गया तो किसान आगामी विधानसभा चुनाव में अपनी लोकतांत्रिक ताकत का उपयोग करते हुए जवाब देंगे। उन्होंने कहा कि किसानों, मजदूरों और वंचित वर्गों की अनदेखी किसी भी लोकतांत्रिक सरकार के लिए उचित नहीं है।
कार्यक्रम में उपस्थित कार्यकर्ताओं और किसानों ने एक स्वर में संकल्प लेते हुए कहा कि अन्याय, भ्रष्टाचार और शोषण के खिलाफ संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने नारा दिया कि "अब न जुल्म सहेंगे और न जुल्म करेंगे" तथा किसानों और आम जनता के अधिकारों की रक्षा के लिए संगठित होकर आंदोलन चलाने का आह्वान किया।
इस अवसर पर युवा प्रकोष्ठ के राष्ट्रीय अध्यक्ष अभय प्रताप सिंह त्यागी, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष वंशराज भारती, प्रदेश अध्यक्ष मीणा गौतम, पंडित प्रदीप बौद्ध, आर. आजाद, डॉ. राम अवतार भारती, विनोद कुमार गौतम, ज्ञानेंद्र कुमार गौतम, लक्ष्मी गौतम, राजेश कुमार, मनोज कुमार सहित बड़ी संख्या में किसान, सामाजिक कार्यकर्ता एवं क्षेत्रीय नागरिक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में किसानों और पीड़ितों की समस्याओं के समाधान के लिए संघर्ष जारी रखने तथा आवश्यकता पड़ने पर व्यापक आंदोलन चलाने का संकल्प लिया गया।

