उप जिला अधिकारी ने धान के क्रय-विक्रय केंद्रों का किया निरीक्षण
गोरखपुर तहसील सहजनवा में उप जिला अधिकारी केसरी नंदन त्रिपाठी ने धान के क्रय - विक्रय केंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने क्रय-विक्रय सहकारी समितियों में हो रही धान की खरीदारी की प्रक्रिया का जायजा लिया
उन्होंने क्रय केंद्रों पर धान की गुणवत्ता, वजन और भुगतान प्रक्रिया की जांच की। उप जिला अधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि किसानों को किसी भी प्रकार की समस्या का सामना न करना पड़े, इसके लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं।
धान खरीद प्रक्रिया में पारदर्शिता और किसानों के हितों का विशेष ध्यान रखा जाए।उप जिला अधिकारी ने यह भी निर्देश दिया कि किसानों को 48 घंटे के भीतर भुगतान सुनिश्चित किया जाए, जैसा कि सरकार द्वारा निर्देशित किया गया। गोरखपुर जिले में कुल 6500 क्रय विक्रय केंद्र स्थापित किए गए हैं, जिनमें से सहजनवां में भी कई केंद्र शामिल हैं। किसानों को धान बेचने से पहले eproc.up.gov.in पर पंजीकरण कराना अनिवार्य है।
धान को अच्छी तरह से सुखाकर, साफ करके ही क्रय-विक्रय केंद्र पर लाएं।
पंजीकरण और बायोमेट्रिक सत्यापन की प्रक्रिया पूरी करके ही धान बेचें।
किसी भी समस्या के लिए क्रय केंद्र प्रभारी या उप जिला अधिकारी से संपर्क कर सकते हैं।

